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October 30, 2026
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इफको ने उपलब्ध कराया विश्व का सबसे पहला तरल नैनो यूरिया

- जून में शुरू होगा उत्पादन, जल्द बाजारों में होगी उपलब्ध
- प्रधानमंत्री की अपील से प्रेरित होकर इफको ने किया विकास

उदयपुर/कोटा: इंडियन फारमर्स फर्टिलाइजर कोआपरेटिव लिमिटेड (इफको) ने दुनिया का पहला नैनो यूरिया तरल लाॅन्च किया है। 500 मिली लीटर की एक बोतल एक बैग यूरिया के बराबर काम करेगी। उदयपुर समेत राजस्थान के अन्य शहरों में भी यह उपलब्ध होगा। इफको की ऑनलाइन-ऑफलाइन मोड में हुई 50वीं वार्षिक आम बैठक में प्रतिनिधि महासभा के सदस्यों की उपस्थिति में पूरी दुनिया के किसानों के लिए विश्व का पहला Liquid Nano Urea को लाॅन्च किया गया है।

मिट्टी में यूरिया के प्रयोग में कमी लाने की भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील से प्रेरित होकर इसे तैयार किया गया है। इफको के वैज्ञानिकों और इंजीनियरों ने सच्चे और समर्पित अनुसंधान के बाद नैनो यूरिया तरल को स्वदेशी और प्रोपाइटरी तकनीक के माध्यम से कलोल स्थित नैनो जैवप्रौद्योगिकी अनुसंधान केन्द्र में तैयार किया है। यह नवीन उत्पाद आत्मनिर्भर भारत और आत्मनिर्भर कृषि की दिशा में एक सार्थक कदम है।

नैनो यूरिया

नैनो यूरिया पौधों के पोषण के लिए प्रभावी

इफको नैनो यूरिया तरल को पौधों के पोषण के लिए प्रभावी व असरदार पाया गया है। इसके प्रयोग से फसलों की पैदावार बढ़ती है तथा पोषक तत्वों की गुणवत्ता में सुधार होता है। नैनो यूरिया भूमिगत जल की गुणवत्ता सुधारने तथा जलवायु परिवर्तन व टिकाऊ उत्पादन पर सकारात्मक प्रभाव डालते हुए ग्लोबल वार्मिंग को कम करने में अहम भूमिका निभाएगा। इसके प्रयोग से किसानों की लागत कम होगी। Liquid Nano Urea का आकार छोटा होने के कारण इसे पॉकेट में भी रखा जा सकता है जिससे परिवहन और भंडारण लागत में भी काफी कमी आएगी।

इफको Liquid Nano Urea को सामान्य यूरिया के प्रयोग में कम से कम 50 प्रतिशत कमी लाने के प्रयोजन से तैयार किया गया है। इसके 500 मिली की एक बोतल में 40 हजार पीपीएम नाइट्रोजन होता है जो सामान्य यूरिया के एक बैग के बराबर नाइट्रोजन पोषक तत्व प्रदान करेगा। इफको Liquid Nano Urea का उत्पादन जून 2021 तक आरंभ होगा और शीघ्र ही इसका व्यावसायिक विपणन भी शुरू हो जाएगा।

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IFFCO Meeting

राष्ट्रीय कृषि संस्थानों, विश्वविद्यालयों व कृषि विज्ञान केंद्रों में हुआ परीक्षण

इफको की तरफ से बताया गया है कि राष्ट्रीय कृषि अनुसंधान प्रणाली, एनएआरएस के तहत 20 आईसीएआर संस्थानों, राज्य कृषि विश्वविद्यालयों और कृषि विज्ञान केन्द्रों में 43 फसलों पर किये गये बहु-स्थानीय और बहु-फसली परीक्षणों के आधार पर इफको नैनो यूरिया तरल को उर्वरक नियंत्रण आदेश, एफसीओए 1985 में शामिल कर लिया गया है। इसकी प्रभावशीलता का परीक्षण करने के लिए पूरे भारत में 94 से अधिक फसलों पर लगभग 11000 कृषि क्षेत्र परीक्षण, एफएफटी किये गये थे। हाल ही में पूरे देश में 94 फसलों पर हुए परीक्षणों में फसलों की उपज में औसतन 8 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई है।

एक बोतल नैनो यूरिया की कीमत 240 रुपये तय, सहकारी बिक्री केंद्रों पर भी मिलेगी

इफको ने किसानों के लिए 500 मिली नैनो यूरिया तरल की एक बोतल की कीमत 240 रुपये निर्धारित की है जो सामान्य यूरिया के एक बैग के मूल्य से 10 प्रतिशत कम है। समिति ने इस उत्पाद के बारे में किसानों को पूरी जानकारी देने के लिए एक व्यापक देशव्यापी प्रशिक्षण अभियान चलाने की योजना बनायी है। ये उत्पाद इफको के ई-कॉमर्स प्लेटफार्म के अतिरिक्त मुख्य रूप से सहकारी बिक्री केन्द्रों और अन्य विपणन माध्यमों से किसानों को उपलब्ध कराये जाएंगे।

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